newspatnarajniti

बिहार कैबिनेट का बड़ा फैसला: सोलर सब्सिडी, कुशल युवा कार्यक्रम और क्रेडिट कार्ड योजना को मिली हरी झंडी

पटना। बिहार में पर्यावरण संरक्षण, रोजगार सृजन और उच्च शिक्षा को नई दिशा देने के लिए राज्य सरकार ने कई अहम कदम उठाए हैं। राज्य कैबिनेट की उच्च स्तरीय बैठक में दोनों उपमुख्यमंत्रियों समेत सभी विभागीय मंत्रियों की मौजूदगी में कुल 10 महत्वपूर्ण एजेंडों पर मुहर लगाई गई। सरकार ने ‘सात निश्चय-3’ के तहत युवाओं के रोजगार, छात्रों की शिक्षा और हरित ऊर्जा पर विशेष जोर देते हुए अपना खजाना खोल दिया है।राज्य में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में कैबिनेट ने एक बड़ा फैसला लिया है। ‘प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना’ के तहत अब राज्य सरकार अपनी ओर से उपभोक्ताओं को अतिरिक्त वित्तीय सहायता देगी। आवासीय उपभोक्ताओं को ₹10,000 प्रति किलोवाट (अधिकतम ₹20,000 तक) की सब्सिडी सीधे उनके बैंक खाते (DBT) में भेजी जाएगी। इसके लिए ₹1,000 करोड़ का बजट स्वीकृत किया गया है।इसके साथ ही, पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से चार प्रमुख नगर निगमों—गयाजी, मुजफ्फरपुर, भागलपुर और बिहारशरीफ में ‘कंप्रेस्ड बायो-गैस’ (CBG) प्लांट स्थापित करने की मंजूरी दी गई है। इन प्लांट्स को लगाने के लिए इंडियन ऑयल (IOCL), गेल (GAIL), एचपीसीएल (HPCL) और बीपीसीएल (BPCL) जैसी सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों को 25 वर्षों के लिए 10-10 एकड़ भूमि मुफ्त में उपलब्ध कराई जाएगी।युवाओं और छात्रों के लिए खुला पिटारा’सात निश्चय-3′ (दोगुना रोजगार-दोगुना आय) के तहत युवाओं को रोजगार और कौशल प्रशिक्षण से जोड़ने के लिए ‘कुशल युवा कार्यक्रम’ को अगले 5 वर्षों (वित्तीय वर्ष 2026-27 से 2030-31) के लिए विस्तार दिया गया है। आगामी वित्तीय वर्ष के लिए इस योजना हेतु ₹430.08 करोड़ की राशि स्वीकृत की गई है।उच्च शिक्षा को और अधिक सुलभ बनाने के लिए ‘बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना’ को भी संजीवनी दी गई है।

इसे अगले 5 वर्षों के लिए बढ़ाते हुए चालू वित्तीय वर्ष के लिए ₹950 करोड़ की भारी-भरकम राशि मंजूर की गई है। शिक्षा क्षेत्र में एक और बड़ा बदलाव करते हुए, नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) के तहत राज्य के लगभग 300 एकल (Stand-Alone) B.Ed. कॉलेजों को अब मल्टीडिसिप्लिनरी (बहुविषयक) डिग्री कॉलेजों में तब्दील करने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा, निजी ITI संस्थानों की 50 प्रतिशत सीटों पर नामांकन अब सीधे न होकर ‘बिहार संयुक्त प्रवेश प्रतियोगिता परीक्षा पर्षद’ (BCECEB) के माध्यम से पारदर्शी तरीके से किया जाएगा।राज्य की बिजली पारेषण प्रणाली (ट्रांसमिशन) को और अधिक मजबूत करने के लिए बिहार स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी लिमिटेड (BSPTCL) में बंपर बहाली का रास्ता साफ हो गया है। कैबिनेट ने कार्यपालक अभियंता, सहायक कार्यपालक अभियंता, कनीय अभियंता और तकनीकी संवर्ग के कुल 221 नए पदों के सृजन को अपनी स्वीकृति दे दी है। वहीं, प्रशासनिक कार्यों को सुचारू रखने के लिए सामान्य प्रशासन विभाग के पूर्व विशेष सचिव संजय कुमार (सेवानिवृत्त भा.प्र.से.) को रिटायरमेंट के बाद 1 वर्ष के लिए संविदा (कॉन्ट्रैक्ट) के आधार पर फिर से नियुक्त (पुनर्नियोजित) करने के प्रस्ताव को भी कैबिनेट की हरी झंडी मिल गई है।

Related Articles

Back to top button