
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी 15 जुलाई को एक दिवसीय दौरे पर पटना पहुंचने वाले हैं। इस दौरान उनका मुख्य कार्यक्रम छात्रों से संवाद करना और मुसल्लहपुर हाट इलाके में पदयात्रा करना है। हाल के दिनों में खान सर और रौशन आनंद से जुड़े विवाद के बाद यह दौरा राजनीतिक और शैक्षणिक दोनों दृष्टि से अहम माना जा रहा है। हालांकि राहुल गांधी के बिहार आने से पहले ही राज्य में सियासी बयानबाज़ी तेज हो गई है।
राहुल गांधी के प्रस्तावित दौरे पर प्रतिक्रिया देते हुए बीजेपी सांसद रविशंकर प्रसाद ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जहां भी जाते हैं, वहां कांग्रेस को राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने बंगाल, असम, महाराष्ट्र और हरियाणा का जिक्र करते हुए दावा किया कि राहुल गांधी जनता का भरोसा जीतने में लगातार नाकाम रहे हैं। रविशंकर प्रसाद ने कहा कि बिहार आने का राहुल गांधी को पूरा अधिकार है, लेकिन इससे जनता के रुख में कोई बदलाव नहीं आने वाला।
बीजेपी सांसद ने आगे कहा कि राहुल गांधी पहले भी कई मुद्दों को लेकर अभियान चलाते रहे हैं, लेकिन उन्हें अपेक्षित समर्थन नहीं मिला। उनका आरोप था कि राहुल गांधी न तो देश की जनता की भावना को समझते हैं और न ही बिहार की राजनीति की नब्ज पहचान पाए हैं।
रविशंकर प्रसाद के बयान पर कांग्रेस ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी। बिहार कांग्रेस के प्रवक्ता डॉ. स्नेहाशीष वर्धन ने कहा कि रविशंकर प्रसाद अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता बनाए रखने के लिए बार-बार राहुल गांधी का नाम लेते हैं। उन्होंने कहा कि बीजेपी नेता अपनी राजनीतिक स्थिति को लेकर चिंतित हैं और इसी वजह से इस तरह के बयान देकर सुर्खियां बटोरने की कोशिश कर रहे हैं।
कांग्रेस प्रवक्ता ने आगे आरोप लगाया कि रविशंकर प्रसाद अपने संसदीय क्षेत्र में विकास के मुद्दों पर जवाब देने के बजाय ध्यान भटकाने की राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनता अब महंगाई, बेरोजगारी, पेपर लीक, भ्रष्टाचार और अन्य जनसरोकारों से जुड़े सवालों का जवाब चाहती है, इसलिए विपक्ष पर व्यक्तिगत हमले करके असली मुद्दों से ध्यान नहीं हटाया जा सकता।
राहुल गांधी के पटना दौरे से पहले शुरू हुई इस जुबानी जंग ने बिहार की सियासत का माहौल और गर्म कर दिया है। अब सबकी नजर 15 जुलाई पर है, जब राहुल गांधी छात्रों के बीच पहुंचेंगे और अपनी पदयात्रा के जरिए बिहार में कांग्रेस की राजनीतिक सक्रियता को नई धार देने की कोशिश करेंगे।



