
पटना। रक्षाबंधन का जो त्योहार एक परिवार के लिए असीम खुशियां लेकर आया था, महज एक दिन बाद ही वहां भीषण मातम पसर गया। मुजफ्फरपुर के बेनीबाद थाना क्षेत्र में एनएच-27 पर हुए एक खौफनाक सड़क हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार को हमेशा के लिए उजाड़ दिया। ठीकापाही के समीप तेज रफ्तार कार अचानक अनियंत्रित होकर पुल की रेलिंग से टकराई और करीब 15 फीट नीचे पानी से भरे गड्ढे में जा समाई। इस हृदयविदारक घटना में सिंघवाड़ा की शिक्षिका मधु वर्मा और उनके बेटे पुनीत स्पर्श की दर्दनाक मौत हो गई।गर्ल्स हाई स्कूल, रामपुरा (सिंघवाड़ा) में पदस्थापित 54 वर्षीय शिक्षिका मधु वर्मा पटना में अपने भाई की कलाई पर राखी बांधने के बाद बेटे पुनीत के साथ कार से दरभंगा के सिमरी स्थित अपने घर लौट रही थीं। ड्राइविंग सीट पर बेटा पुनीत था। बताया जा रहा है कि ठीकापाही के पास अचानक कार से नियंत्रण छूट गया। गाड़ी सीधे पुल की रेलिंग से जोरदार तरीके से टकराई और पलटी खाते हुए नीचे गड्ढे के गहरे पानी में जा गिरी। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि कार पानी में पूरी तरह उल्टी हो गई और बेबस मां-बेटे अंदर ही फंसे रह गए।हादसे के तुरंत बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और आसपास के ग्रामीण मदद के लिए दौड़ पड़े। स्थानीय लोगों ने बिना समय गंवाए अपनी जान की परवाह किए बिना पानी में छलांग लगा दी। उन्होंने कार के शीशे तोड़कर कड़ी मशक्कत के बाद दोनों को बाहर निकाला। इसके तुरंत बाद एनएचएआई की एंबुलेंस से उन्हें गायघाट स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचाया गया, लेकिन तब तक मधु वर्मा की सांसें थम चुकी थीं। वहां मौजूद डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।दूसरी ओर, गंभीर रूप से घायल पुनीत की सांसें चल रही थीं। उसे प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए मुजफ्फरपुर के एसकेएमसीएच रेफर किया गया था। डॉक्टरों की टीम ने उसे बचाने का भरपूर प्रयास किया, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। इलाज के दौरान कुछ ही घंटों बाद पुनीत ने भी दम तोड़ दिया। इस दोहरे वज्रपात की खबर जैसे ही परिवार को मिली, वहां कोहराम मच गया।घटना की जानकारी मिलते ही बेनीबाद थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। अपर थानाध्यक्ष एसआई मौर्यन दीपांकरन ने बताया कि दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने राहत कार्य में मदद की और मामले की जांच शुरू कर दी है। दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए एसकेएमसीएच भेज दिया गया है। रक्षाबंधन के उल्लास के बीच हुए इस भीषण हादसे से पूरे इलाके में शोक की लहर है और हर आंख नम है।



