
पटना। बिहार के पूर्वी चंपारण (मोतिहारी) जिले से एक बेहद चौंकाने वाली खबर सामने आई है। ढाका थाना क्षेत्र में सीमा पार बैठे पाकिस्तानी आतंकी नेटवर्क से जुड़े एक संदिग्ध युवक को गिरफ्तार किया गया है। इस बड़ी गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े हो गए हैं और इलाके में दहशत है।जानकारी के अनुसार, ढाका थाना पुलिस को छब्बीस सितंबर की रात गुप्त सूचना मिली थी कि इलाके में देशविरोधी गतिविधियों में शामिल एक संदिग्ध व्यक्ति छिपा है। सूचना मिलते ही ढाका थानाध्यक्ष राजरूप राय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बिसरहिया गांव के समीप घेराबंदी कर छापेमारी की। पुलिस को आता देख संदिग्ध ने अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन मुस्तैद जवानों ने उसे खदेड़ कर दबोच लिया। पकड़े गए युवक की पहचान मो. सेयाज आलम के रूप में हुई है।
मोतिहारी में आधी रात को बड़ा ऑपरेशन
पुलिस ने जब संदिग्ध की तलाशी ली, तो उसके पास से रेडमी कंपनी का एंड्रॉइड स्मार्टफोन बरामद हुआ। इस मोबाइल फोन ने कई खौफनाक राज खोले हैं। पुलिस सूत्रों का दावा है कि मोबाइल की जांच में आतंकी गतिविधियों से जुड़े कई आपत्तिजनक वीडियो, तस्वीरें और देशविरोधी रील्स पाई गईं। पुलिस पूछताछ में यह स्पष्ट हुआ है कि गिरफ्तार आरोपी सेयाज आलम सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तान में बैठे हैंडलर्स के संपर्क में था। वह पाकिस्तान स्थित कुख्यात गैंगस्टर शहजाद भट्टी के नेटवर्क से जुड़े ‘अली गुज्जर’ नामक शख्स से लगातार बातचीत कर रहा था।इस बड़े खुलासे के बाद जिला पुलिस के साथ-साथ खुफिया एजेंसियां भी पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गई हैं। पुलिस अब आरोपी के डिजिटल फुटप्रिंट्स को खंगाल रही है। उसके मोबाइल की कॉल डिटेल्स, सोशल मीडिया अकाउंट्स और बैंक खातों के लेन-देन की गहनता से पड़ताल की जा रही है। जांच एजेंसियों का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि इस सीमा पार फैले नेटवर्क के स्थानीय संपर्क कौन-कौन हैं और वे किस तरह की साजिश रचने की फिराक में थे। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए आगे की कड़ी कानूनी कार्रवाई निरंतर जारी है।
पाकिस्तानी आतंकी नेटवर्क का भंडाफोड़
पुलिस अधीक्षक ने भी इस बड़ी सफलता पर विशेष पुलिस टीम की भरपूर सराहना करते हुए पूरे जिले में रात्रि गश्ती और सघन चेकिंग अभियान तेज करने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। गौरतलब है कि पूर्वी चंपारण जिला नेपाल सीमा से सटा हुआ है, जिसके कारण यह इलाका घुसपैठ और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के लिहाज से हमेशा अति संवेदनशील माना जाता रहा है। इस ताजा गिरफ्तारी ने एक बार फिर सीमावर्ती इलाकों में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की जरूरत पर जोर दिया है। ढाका पुलिस की यह त्वरित कार्रवाई निश्चित तौर पर एक बड़ी संभावित आतंकी साजिश को नाकाम करने में पूरी तरह सफल रही है।



