
पटना। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के कद्दावर नेता तेजस्वी यादव ने राज्य की कानून-व्यवस्था, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार के मुद्दे पर राज्य की मौजूदा सरकार और केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया है। ‘मिशन 2026’ (Goal 2026) की राजनीतिक तैयारियों के बीच सत्ता पक्ष पर तीखा प्रहार करते हुए तेजस्वी ने सूबे की वर्तमान स्थिति को बेहद चिंताजनक और आम जनमानस के लिए कष्टदायी करार दिया है। गुरुवार को मीडिया से मुखातिब होते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि सूबे में कानून-व्यवस्था पूरी तरह से दम तोड़ चुकी है और सरकार का तंत्र पूरी तरह से फेल हो चुका है। नेता प्रतिपक्ष ने ‘सुशासन’ के दावों की पोल खोलते हुए कहा कि आज बिहार का कोई भी नागरिक खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रहा है। उन्होंने कहा, “बिहार में न तो हमारे मासूम बच्चे सुरक्षित हैं, न महिलाएं, न ही अर्थव्यवस्था को गति देने वाले व्यापारी और न ही हमारे बुजुर्ग।” तेजस्वी ने आरोप लगाया कि पूरे राज्य में सिर्फ अपराध और बेखौफ अपराधियों का ही बोलबाला है। चारों तरफ अराजकता और भय का माहौल व्याप्त है। सत्ता पक्ष के मुखिया पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि जिस सरकार और उसके नेतृत्व के पास सूबे के विकास का कोई स्पष्ट विजन या रोडमैप ही न हो, उस राज्य की दुर्दशा होनी तय है।
अपराधियों के हवाले बिहार, हर वर्ग खौफ में
बेरोजगारी, गरीबी और बेतहाशा बढ़ती महंगाई के मोर्चे पर सरकार को कटघरे में खड़ा करते हुए तेजस्वी ने कहा कि आज बिहार का युवा दर-दर भटकने को मजबूर है। महंगाई ने आम आदमी की कमर तोड़ कर रख दी है, लेकिन सत्ता में बैठे लोगों के पास इन बुनियादी और ज्वलंत मुद्दों पर ध्यान देने का जरा भी समय नहीं है। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य सरकार का खजाना अब पूरी तरह से खाली हो चुका है और विकास योजनाएं ठप पड़ी हैं। सिस्टम में ऊपर से लेकर नीचे तक भारी भ्रष्टाचार व्याप्त है। सरकार सिर्फ दिखावे और कागजी खानापूर्ति का काम कर रही है, जबकि पर्दे के पीछे ट्रांसफर-पोस्टिंग का एक बड़ा और संगठित धंधा जोरों पर चलाया जा रहा है। नेताओं की बयानबाजी पर पलटवार करते हुए तेजस्वी यादव ने सीएम सम्राट चौधरी पर सीधा और तीखा निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उन्हें राज्य की जमीनी हकीकत और जनता के दुख-दर्द का कोई ज्ञान नहीं है। सरकार के नुमाइंदों और सत्ताधारी नेताओं को आम जनता की वास्तविक समस्याओं से कोई सरोकार नहीं रह गया है; वे केवल वातानुकूलित कमरों में बैठकर हवा-हवाई बयानबाजी करने में व्यस्त रहते हैं। तेजस्वी ने चेतावनी देते हुए कहा कि जनता इस कुशासन से पूरी तरह त्रस्त हो चुकी है और आने वाले समय में अपने वोट की चोट से इसका करारा जवाब देगी।
सदन में पूरी ताकत से उठेगी राघोपुर के पीड़ितों की आवाज
इस दौरान राघोपुर नाव दुर्घटना के मुद्दे पर भी विपक्ष ने कड़ा रुख अख्तियार किया। तेजस्वी यादव ने बताया कि राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की तबीयत इन दिनों नासाज चल रही है, इसके बावजूद वे राघोपुर के पीड़ित परिवारों से मिलना चाहते थे। इसी कड़ी में गुरुवार को कई पीड़ित परिवारों ने लालू यादव से भावुक मुलाकात की। तेजस्वी ने स्पष्ट किया कि राघोपुर नाव हादसे के पीड़ित परिवारों की सभी जायज मांगों को आगामी विधानसभा सत्र में विपक्ष पूरी ताकत और आक्रामकता के साथ पटल पर रखेगा। पार्टी हर स्तर पर पीड़ितों को न्याय दिलाने और उनके समुचित पुनर्वास के लिए सड़क से लेकर सदन तक अपना संघर्ष जारी रखेगी, ताकि भविष्य में प्रशासन की ऐसी घोर लापरवाही दोबारा किसी की जान न ले सके।



