
मोतिहारी। भारत-नेपाल सीमा से सटे आदापुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने साइबर कैफे और कंप्यूटर दुकानों पर सघन छापेमारी की। इस दौरान फर्जी दस्तावेज तैयार करने के आरोप में दो लोगों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। मौके से फर्जीवाड़े में प्रयुक्त कंप्यूटर सिस्टम और अन्य उपकरण भी जब्त किए गए हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, पहली कार्रवाई बिशनपुरवा गांव स्थित ‘चौरसिया ऑनलाइन’ दुकान पर की गई। यहां पुलिस ने दबिश देकर प्रेम प्रसाद के पुत्र राम विनय चौरसिया को गिरफ्तार किया। पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपित एक विशेष मोबाइल एप्लीकेशन और डी-प्रिंट (D-Print) पोर्टल का अवैध रूप से उपयोग कर भारतीय और नेपाली नागरिकों के फर्जी आधार कार्ड तैयार करता था। यह पूरा गोरखधंधा ऑनलाइन तरीके से संचालित किया जा रहा था और महज 300 रुपये की एवज में फर्जी आधार कार्ड बनाकर दिए जा रहे थे।
इस कार्रवाई के तुरंत बाद, पुलिस टीम ने आदापुर बाजार स्थित ‘वर्षा कंप्यूटर’ नामक दुकान पर भी छापेमारी की। यहां से भी फर्जी दस्तावेज तैयार करने के आरोप में एक अन्य व्यक्ति को पुलिस ने दबोच लिया। दोनों स्थानों से फर्जीवाड़ा करने में इस्तेमाल किए जा रहे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को जब्त कर लिया गया है। पुलिस ने इस पूरे मामले में आदापुर थाने में कांड संख्या 277/26 दर्ज कर ली है। गिरफ्तार दोनों आरोपितों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत करने की कानूनी प्रक्रिया की जा रही है। पुलिस अब इस बिंदु पर गहनता से जांच कर रही है कि यह नेटवर्क कब से सक्रिय था और इसके जरिए अब तक कितने लोगों के फर्जी दस्तावेज तैयार किए जा चुके हैं। इस गिरोह से जुड़े अन्य सफेदपोशों की तलाश में भी पुलिस जुटी हुई है।



