
बिहार में मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक गुरुवार (6 अगस्त) को राज्य के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। कुछ जिलों में मेघगर्जन, तेज हवाएं और वज्रपात की आशंका भी जताई गई है। ऐसे में लोगों को मौसम खराब होने के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
इन जिलों में हो सकती है बारिश
मौसम विभाग के अनुसार भागलपुर, मुंगेर, शिवहर, समस्तीपुर, सहरसा, सुपौल, मधेपुरा, दरभंगा, मधुबनी, खगड़िया, बेगूसराय, पूर्णिया, कटिहार, अररिया, किशनगंज, गोपालगंज और मुजफ्फरपुर समेत कई जिलों में बारिश की संभावना है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ तेज बारिश और वज्रपात भी हो सकता है।
तीन दिन तक बना रहेगा मौसम का असर
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले तीन दिनों तक बिहार में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। इस दौरान कई जिलों में रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना है। बारिश के कारण तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है, हालांकि वातावरण में नमी और उमस बनी रह सकती है।
किसानों के लिए राहत, कुछ जगह जलजमाव की आशंका
हाल के दिनों में भागलपुर सहित कई इलाकों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है, जिससे धान और अन्य खरीफ फसलों को लाभ मिलने की उम्मीद है। हालांकि लगातार वर्षा वाले क्षेत्रों में जलजमाव की स्थिति भी बन सकती है, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
गया में भी बादल और बूंदाबांदी के आसार
गया और आसपास के क्षेत्रों में दिनभर बादल छाए रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार शाम या रात के समय हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है।
मौसम विभाग की अहम सलाह
मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।
गरज-चमक के समय खुले मैदान में जाने से बचें।
बिजली गिरने की आशंका के दौरान पेड़ों और बिजली के खंभों के नीचे खड़े न हों।
किसान मौसम का पूर्वानुमान देखकर ही कृषि कार्य करें।
स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग द्वारा जारी ताजा अलर्ट पर नजर बनाए रखें।
बारिश का यह दौर खेती के लिए फायदेमंद माना जा रहा है, लेकिन वज्रपात और तेज हवाओं के खतरे को देखते हुए सतर्कता बरतना बेहद जरूरी है।



