
मोतिहारी। पूर्वी चंपारण जिले के देवापुर संगम घाट पर जलबोझी अनुष्ठान के दौरान एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। बागमती नदी में स्नान और जलबोझी करने उतरे दो किशोर गहरे पानी में डूबकर लापता हो गए। घटना के बाद घाट पर अफरातफरी मच गई और देखते ही देखते सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलते ही प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और एनडीआरएफ (NDRF) की मदद से लापता किशोरों की तलाश शुरू कर दी गई है।जानकारी के अनुसार, चिरैया थाना क्षेत्र के ललबेगिया गांव निवासी उमाशंकर यादव के 17 वर्षीय पुत्र कमलेश कुमार और रमेश यादव के 17 वर्षीय पुत्र रौशन कुमार जलबोझी के लिए देवापुर संगम घाट पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि दोनों किशोर धार्मिक अनुष्ठान के दौरान बागमती नदी में उतरे, लेकिन अचानक गहराई का अंदाजा न लगने के कारण तेज बहाव में बह गए।
प्रत्यक्षदर्शियों ने उन्हें बचाने का काफी प्रयास किया, लेकिन गहराई अधिक होने के कारण वे आंखों से ओझल हो गए।इस घटना का सबसे दुखद पहलू यह है कि कमलेश और रौशन दोनों घनिष्ठ मित्र थे और दोनों का जन्म सावन के महीने में एक ही दिन हुआ था। इस दुखद संयोग से पूरे गांव और इलाके में गहरा शोक व्याप्त है। घटना की जानकारी जैसे ही गांव पहुंची, दोनों परिवारों में कोहराम मच गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।एक्शन मोड में आए अधिकारी, तलाश तेजहादसे की सूचना मिलते ही अधिकारी एक्शन मोड में आ गए। अंचलाधिकारी रितेश रंजन सेठ और पचपकड़ी थाना प्रभारी उत्तम कुमार दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तत्काल एनडीआरएफ की टीम को मौके पर बुलाया। फिलहाल, एनडीआरएफ की टीम बोट और आधुनिक गोताखोर उपकरणों के जरिए नदी में दोनों किशोरों की सघन तलाश कर रही है।अंचलाधिकारी रितेश रंजन सेठ ने बताया कि प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर पैनी नजर बनाए हुए है। स्थानीय नाविकों की भी मदद ली जा रही है और यह सर्च अभियान तब तक जारी रहेगा, जब तक दोनों किशोरों का पता नहीं चल जाता। मौके पर पूर्व मुखिया वेदानंद झा, पैक्स अध्यक्ष आलोक सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद हैं, जो पीड़ित परिजनों को ढांढस बंधा रहे हैं। मोतिहारी से संतोष राउत की रिपोर्ट



